नहाअः एतान बुझाः तनाम, “जे डाकु तरअः छेका ताहिनाय, हुनी होड़ आली, नुकू पेने होड़ रे हुनी आली खुड़-खिरकी रिनी ओके पाड़ी नेनाय।” नोकान मेन केते ईसु हुनी के कुली लियाय।
हुनी धरम पुथी सि-सिखावी, “हुनी जे हुनी के दया लियाय” मेन केते कंहड़ी रूवाड़ोः लियाय।
तेकर ईसु, हुनी के “जु आम, होः हेकानेमे” बेता लियाय।