भजन संहिता 30:1-7

भजन संहिता 30:1-7 पवित्र बाइबल (HERV)

हे यहोवा, तूने मेरी विपत्तियों से मेरा उद्धार किया है। तूने मेरे शत्रुओं को मुझको हराने और मेरी हँसी उड़ाने नहीं दी। सो मैं तेरे प्रति आदर प्रकट करुँगा। हे मेरे परमेश्वर यहोवा, मैंने तुझसे प्रार्थना की। तूने मुझको चँगा कर दिया। कब्र से तूने मेरा उद्धार किया, और मुझे जीने दिया। मुझे मुर्दों के साथ मुर्दों के गर्त में पड़े हुए नहीं रहना पड़ा। परमेश्वर के भक्तों, यहोवा की स्तुति करो! उसके शुभ नाम की प्रशंसा करो। यहोवा क्रोधित हुआ, सो निर्णय हुआ “मृत्यु।” किन्तु उसने अपना प्रेम प्रकट किया और मुझे “जीवन” दिया। मैं रात को रोते बिलखाते सोया। अगली सुबह मैं गाता हुआ प्रसन्न था। मैं अब यह कह सकता हूँ, और मैं जानता हूँ यह निश्चय सत्य है, “मैं कभी नहीं हारुँगा!” हे यहोवा, तू मुझ पर दयालु हुआ और मुझे फिर अपने पवित्र पर्वत पर खड़े होने दिया। तूने थोड़े समय के लिए अपना मुख मुझसे फेरा और मैं बहुत घबरा गया।

भजन संहिता 30:1-7 पवित्र बाइबिल CL Bible (BSI) (HINCLBSI)

प्रभु, मैं तेरा गुणगान करूंगा; क्‍योंकि तूने मुझे ऊपर खींचा, और मेरे शत्रुओं को मुझपर हंसने नहीं दिया। मेरे प्रभु परमेश्‍वर, मैंने तेरी दुहाई दी; और तूने मुझे स्‍वस्‍थ कर दिया। प्रभु तूने मेरे प्राण को मृतक-लोक से बाहर निकाला। तूने मुझे जीवित रखा कि मैं फिर अधोलोक में न जाऊं। ओ भक्‍तगण! प्रभु की स्‍तुति करो। उसके पवित्र नाम का जयजयकार करो। प्रभु का क्रोध क्षण मात्र के लिए होता है; पर उसकी कृपा जीवनपर्यन्‍त बनी रहती है। रोदन संध्‍या समय आकर रात में ठहर सकता है, पर प्रभात के साथ उल्‍लास का आगमन होता है। मैंने अपनी समृद्धि के समय यह कहा, “मैं सदा अटल रहूंगा।” प्रभु, तूने अपनी कृपा से मुझे पर्वत के समान दृढ़ किया था, जब तूने अपना मुख छिपाया तब मैं बेचैन हो गया था।

भजन संहिता 30:1-7 Hindi Holy Bible (HHBD)

हे यहोवा मैं तुझे सराहूंगा, क्योंकि तू ने मुझे खींचकर निकाला है, और मेरे शत्रुओं को मुझ पर आनन्द करने नहीं दिया। हे मेरे परमेश्वर यहोवा, मैं ने तेरी दोहाई दी और तू ने मुझे चंगा किया है। हे यहोवा, तू ने मेरा प्राण अधोलोक में से निकाला है, तू ने मुझ को जीवित रखा और कब्र में पड़ने से बचाया है॥ हे यहोवा के भक्तों, उसका भजन गाओ, और जिस पवित्र नाम से उसका स्मरण होता है, उसका धन्यवाद करो। क्योंकि उसका क्रोध, तो क्षण भर का होता है, परन्तु उसकी प्रसन्नता जीवन भर की होती है। कदाचित् रात को रोना पड़े, परन्तु सबेरे आनन्द पहुंचेगा॥ मैं ने तो अपने चैन के समय कहा था, कि मैं कभी नहीं टलने का। हे यहोवा अपनी प्रसन्नता से तू ने मेरे पहाड़ को दृढ़ और स्थिर किया था; जब तू ने अपना मुख फेर लिया तब मैं घबरा गया॥

भजन संहिता 30:1-7 पवित्र बाइबिल OV (Re-edited) Bible (BSI) (HINOVBSI)

हे यहोवा, मैं तुझे सराहूँगा क्योंकि तू ने मुझे खींचकर निकाला है, और मेरे शत्रुओं को मुझ पर आनन्द करने नहीं दिया। हे मेरे परमेश्‍वर यहोवा, मैं ने तेरी दोहाई दी और तू ने मुझे चंगा किया है। हे यहोवा, तू ने मेरा प्राण अधोलोक में से निकाला है, तू ने मुझ को जीवित रखा और क़ब्र में पड़ने से बचाया है। हे यहोवा के भक्‍तो, उसका भजन गाओ, और जिस पवित्र नाम से उसका स्मरण होता है, उसका धन्यवाद करो। क्योंकि उसका क्रोध तो क्षण भर का होता है, परन्तु उसकी प्रसन्नता जीवन भर की होती है। कदाचित् रात को रोना पड़े, परन्तु सबेरे आनन्द पहुँचेगा। मैं ने तो अपने चैन के समय कहा था, कि मैं कभी नहीं टलने का। हे यहोवा, अपनी प्रसन्नता से तू ने मेरे पहाड़ को दृढ़ और स्थिर किया था; जब तू ने अपना मुख फेर लिया तब मैं घबरा गया।

भजन संहिता 30:1-7 इंडियन रिवाइज्ड वर्जन (IRV) हिंदी - 2019 (IRVHIN)

हे यहोवा, मैं तुझे सराहूँगा क्योंकि तूने मुझे खींचकर निकाला है, और मेरे शत्रुओं को मुझ पर आनन्द करने नहीं दिया। हे मेरे परमेश्वर यहोवा, मैंने तेरी दुहाई दी और तूने मुझे चंगा किया है। हे यहोवा, तूने मेरा प्राण अधोलोक में से निकाला है, तूने मुझ को जीवित रखा और कब्र में पड़ने से बचाया है। तुम जो विश्वासयोग्य हो! यहोवा की स्तुति करो, और जिस पवित्र नाम से उसका स्मरण होता है, उसका धन्यवाद करो। क्योंकि उसका क्रोध, तो क्षण भर का होता है, परन्तु उसकी प्रसन्नता जीवन भर की होती है। कदाचित् रात को रोना पड़े, परन्तु सवेरे आनन्द पहुँचेगा। मैंने तो अपने चैन के समय कहा था, कि मैं कभी नहीं टलने का। हे यहोवा, अपनी प्रसन्नता से तूने मेरे पहाड़ को दृढ़ और स्थिर किया था; जब तूने अपना मुख फेर लिया तब मैं घबरा गया।

भजन संहिता 30:1-7 सरल हिन्दी बाइबल (HSS)

याहवेह, मैं आपकी महिमा और प्रशंसा करूंगा, क्योंकि आपने मुझे गहराई में से बचा लिया है अब मेरे शत्रुओं को मुझ पर हंसने का संतोष प्राप्‍त न हो सकेगा. याहवेह, मेरे परमेश्वर, मैंने सहायता के लिए आपको पुकारा, आपने मुझे पुनःस्वस्थ कर दिया. याहवेह, आपने मुझे अधोलोक से ऊपर खींच लिया; आपने मुझे जीवनदान दिया, उनमें से बचा लिया, जो अधोलोक-कब्र में हैं. याहवेह के भक्तो, उनके स्तवन गान गाओ; उनकी महिमा में जय जयकार करो. क्योंकि क्षण मात्र का होता है उनका कोप, किंतु आजीवन स्थायी रहती है उनकी कृपादृष्टि; यह संभव है रोना रात भर रहे, किंतु सबेरा उल्लास से भरा होता है. अपनी समृद्धि की स्थिति में मैं कह उठा, “अब मुझ पर विषमता की स्थिति कभी न आएगी.” याहवेह, आपने ही मुझ पर कृपादृष्टि कर, मुझे पर्वत समान स्थिर कर दिया; किंतु जब आपने मुझसे अपना मुख छिपा लिया, तब मैं निराश हो गया.