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सूक्ति संग्रह 10:22
सरल हिन्दी बाइबल
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यहोवाह की आशीष समृद्धि का मर्म है. वह इसमें दुःख को नहीं मिलाते.
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सूक्ति संग्रह 10:19
जहां अधिक बातें होती हैं, वहां अपराध दूर नहीं रहता, किंतु जो व्यक्ति अपने मुख पर नियंत्रण रखते हैं, वह बुद्धिमान हैं.
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सूक्ति संग्रह 10:12
घृणा कलह की जननी है, किंतु प्रेम सभी अपराधों पर आवरण डाल देता है.
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सूक्ति संग्रह 10:4
निर्धनता का कारण होता है आलस्य, किंतु परिश्रमी का प्रयास ही उन्हें समृद्ध बना देता है.
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सूक्ति संग्रह 10:17
जो कोई व्यक्ति सावधानीपूर्वक शिक्षा का चालचलन करते हैं, वह जीवन मार्ग पर चल रहे होते हैं, किंतु जो ताड़ना की अवमानना करते हैं, वह अन्यों को भी भटका देते है.
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सूक्ति संग्रह 10:9
जिन किसी व्यक्ति का चालचलन सच्चाई का है, वह सुरक्षित हैं, किंतु वह, जो कुटिल मार्ग अपनाते हैं, वह पकड़े जाते हैं.
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सूक्ति संग्रह 10:27
यहोवाह के प्रति श्रद्धा से आयु बढ़ती जाती है, किंतु थोड़े होते हैं दुष्ट के आयु के वर्ष.
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सूक्ति संग्रह 10:3
यहोवाह धर्मी व्यक्ति को भूखा रहने के लिए छोड़ नहीं देते, किंतु वह दुष्ट की लालसा पर अवश्य पानी फेर देते हैं.
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सूक्ति संग्रह 10:25
बवंडर के निकल जाने पर दुष्ट व्यक्ति शेष नहीं रह जाते, किंतु धर्मी चिरस्थायी बने रहते हैं.
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