जे भीतरी तरअः, चाहे होड़ आला मन तरअः, जेतराम जेतराम सोंच, बेलाज काम, चोचोर, होड़ गोएःग, एटाअ लाईं के ओ-ओतोङ, लोभी, खपतान, चतुर, लुचा, कान्खी लुलुड़ीःग, नि-निन्दा, बड़वारी, तेकर हुरमुठ, मन तरअः ऊड़ुङोआ। नोःआँ जामा गादुस बात भीतरी तरअः गी ऊड़ुङोआ तेकर होड़कु के छुँ छुँताय।”